हरदीप सिंह पुरी एपस्टीन से कई बार BJP नेता के तौर पर मिले थे, किसी आधिकारिक प्रतिनिधिमंडल (डेलिगेशन) के सदस्य के रूप में नहीं। — अनुराग ढांडा

आम आदमी पार्टी (आप) ने केंद्रीय मंत्री हरदीप सिंह पुरी पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा है कि उन्होंने जेफरी एपस्टीन से प्रतिनिधिमंडल के साथ मुलाकात करने का जो दावा किया था, वह पूरी तरह झूठा है।

पार्टी के राष्ट्रीय मीडिया प्रभारी अनुराग ढांडा ने प्रेस वार्ता में कहा कि हरदीप सिंह पुरी एपस्टीन से किसी डेलिगेशन के साथ नहीं, बल्कि भाजपा के वरिष्ठ नेता के तौर पर कई बार व्यक्तिगत रूप से मिले थे।


“हर बार बुलावे पर पहुंचे”

ढांडा ने आरोप लगाया कि जब भी एपस्टीन की ओर से बुलावा आता था, पुरी मिलने पहुंच जाते थे। दोनों के बीच हुई बातचीत और ईमेल से स्पष्ट है कि उनके संबंध औपचारिक नहीं बल्कि व्यक्तिगत थे।

उन्होंने सवाल उठाया कि क्या प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एपस्टीन की सलाह पर किए गए कार्यों के बदले हरदीप सिंह पुरी को मंत्री पद दिया?


पहली मुलाकात 2014 में, कई बार निजी बैठकें

अनुराग ढांडा के अनुसार, हरदीप पुरी की पहली मुलाकात अक्टूबर 2014 में हुई, जब वे भाजपा में शामिल हो चुके थे।

उन्होंने दावा किया कि:

  • 10 अक्टूबर 2014 को दोपहर 12 बजे निजी बैठक तय हुई
  • 4 फरवरी 2015 को फिर मुलाकात हुई
  • जनवरी 2016, 5 जनवरी 2017 और 19 मई 2017 को भी बैठकें हुईं
  • कई बार बैठक का समय बदला गया और पुरी ने हर बार सहमति दी

ढांडा ने आरोप लगाया कि यह दर्शाता है कि मुलाकातें नियमित और निजी थीं।


“सलाह लाभदायक रही” – दस्तावेजों का हवाला

ढांडा ने कहा कि दस्तावेजों में एपस्टीन द्वारा पुरी से पूछे जाने का उल्लेख है कि उनकी सलाह कितनी लाभदायक रही। पुरी ने जवाब दिया कि सलाह उपयोगी रही।

उन्होंने यह भी दावा किया कि ईमेल में पुरी ने लिखा था – “जब आप अपने द्वीप से लौटें तो बताइए।”

ढांडा का कहना था कि एक अंतरराष्ट्रीय अधिकारी रहे व्यक्ति को एपस्टीन के खिलाफ लगे आरोपों की जानकारी थी, फिर भी नजदीकी बनाए रखी गई।


पीएमओ और प्रधानमंत्री से जुड़े सवाल

‘आप’ ने मांग की कि केंद्र सरकार स्पष्ट करे:

  • क्या प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) की एपस्टीन से कोई मुलाकात हुई?
  • क्या प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की कोई प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष बातचीत हुई?

ढांडा ने आरोप लगाया कि मोदी सरकार अमेरिका के दबाव में काम कर रही है और पूरे मामले की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए।


मंत्री पद से हटाने की मांग

आम आदमी पार्टी ने मांग की है कि:

  • हरदीप सिंह पुरी को तत्काल प्रभाव से मंत्री पद से हटाया जाए
  • पूरे प्रकरण की स्वतंत्र जांच कराई जाए
  • जांच पूरी होने तक पुरी इस्तीफा दें

ढांडा ने कहा कि जब तक जांच नहीं होती, सरकार के दावों पर भरोसा नहीं किया जा सकता।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *